घटनाओं का क्रम सुबह किरन के आने से शुरू होकर बालिका के पिछली शाम के अनुभव, रात में देर से सोने और अगली सुबह जागने तक जाता है। किरन आगे दूसरी दुनिया में जाती है और वहाँ शाम होने पर फिर लौट आने की बात कहती है।
इस उप-विषय के तथ्य पाठ के दिए गए प्रसंग से ही समझे जा सकते हैं।
इस उप-विषय के तथ्य पाठ के दिए गए प्रसंग से ही समझे जा सकते हैं। घटनाओं को उसी क्रम में देखें जिस क्रम में पाठ उन्हें प्रस्तुत करता है।
किरन, बिस्तर, खेल, नींद, परी कथाएँ, जगाना, जाना और लौटना जैसे शब्द कविता के समय और गतिविधि को स्पष्ट करते हैं। कविता में किरन को बोलने और काम करने वाला पात्र बनाकर प्राकृतिक प्रकाश को कल्पना के माध्यम से समझाया गया है।
इस उप-विषय के तथ्य पाठ के दिए गए प्रसंग से ही समझे जा सकते हैं।
इस उप-विषय के तथ्य पाठ के दिए गए प्रसंग से ही समझे जा सकते हैं। शब्दों और भाषा-प्रयोग को उनके पाठ-संदर्भ के साथ समझना उपयोगी है।