Free Notes for Class 5–12 | CBSE | 24x7 Access
Home Schools Pricing
Log in Get Started
Class 10 Sanskrit Medium Mcq English Medium

पाठ में ‘यदा बहुव्रीहिसमासे द्वे पदे’ का उल्लेख किस सही कथन के साथ हुआ है?

Question
पाठ में ‘यदा बहुव्रीहिसमासे द्वे पदे’ का उल्लेख किस सही कथन के साथ हुआ है?
(क्रूूरं कर्म यस्य य स:) (v) सिंहवाहना दुर्गा महिषासुरस्य वधम् अकरोत्।
यदा बहुव्रीहिसमासे द्वे पदे एकस्मिन् एव विभक्तौ तौ भवत: तदा समानाधिकरण-बहुव्रीहि: भवति।
व्यधिकरण-बहुव्रीहि: समास: भवति।
द्वे पदे एकस्मिन् एव विभक्तौ तौ भवत: तदा समानाधिकरण-बहुव्रीहि: भवति।
Answer
यदा बहुव्रीहिसमासे द्वे पदे एकस्मिन् एव विभक्तौ तौ भवत: तदा समानाधिकरण-बहुव्रीहि: भवति।
Detailed Explanation
पाठ में ‘यदा बहुव्रीहिसमासे द्वे पदे’ के संदर्भ में यही तथ्य दिया गया है। — Examisthan.com
‘यदा बहुव्रीहिसमासे द्वे पदे’ से संबंधित पाठ्य-सूचना कौन-सी है? Sanskrit · Unit 7 - समासा: ‘क्रूूरं कर्म यस्य य’ से जुड़ा हुआ सही कथन कौन-सा है? Sanskrit · Unit 7 - समासा: ‘समास भवति’ के संदर्भ में निम्न में से कौन-सी बात पाठानुसार सही है? Sanskrit · Unit 7 - समासा: पाठ में ‘चत्वाारि मुखानि यस्य य’ का उल्लेख किस सही कथन के साथ हुआ है? Sanskrit · Unit 7 - समासा:

Want the full Sanskrit question bank?

Log in for free to unlock practice tests, notes, and an AI tutor for Class 10.

Get started free